नई दिल्ली [जागरण ब्यूरो]। नकद सब्सिडी सीधे गरीबों तक पहुंचाने की योजना को रिश्वत बताने वालों को आड़े हाथों लेते हुए सरकार ने कहा है कि यह गरीबों का हक है। ग्रामीण विकास मंत्री जयराम रमेश ने कहा,सरकारी मदद को भ्रष्ट आपूर्ति व्यवस्था की फौज लूट लेती थी, जिसे रोकने में यह नई प्रणाली कारगर साबित होगी।
जयराम रमेश शुक्रवार को नकद भुगतान पर आयोजित अंतरराष्ट्रीय सेमिनार में बोल रहे थे। उन्होंने कहा,हम कल्याणकारी राज्य के सिद्धांतों को नहीं छोड़ रहे हैं,बल्कि सिर्फ यह कह रहे हैं कि कल्याणकारी राज्य की योजनाएं इस प्रणाली के जरिए सही से लोगों तक पहुंच सकती हैं। कल्याणकारी योजनाओं की राह में भ्रष्ट बिचौलियों की फौज जिस तरह खड़ी हो जाती है, उसे रोकने में यह व्यवस्था मददगार साबित होगी।
जयराम ने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के उस बयान का जिक्र किया, जिसमें उन्होंने कहा था कि सरकारी मदद का सिर्फ 15 फीसद ही गरीबों तक पहुंचता है। बाकी धन बिचौलिए उड़ा लेते हैं। अरविंद केजरीवाल के आरोपों पर केंद्रीय मंत्री ने कहा, लोगों को उनका शत-प्रतिशत हक दिलाना उपहार नहीं होता है। वास्तव में यह कल्याणकारी राज्य को और प्रभावी बनाने के लिए शुरू किया गया है।
कल्याणकारी योजनाओं की मदद को लाभार्थियों के खाते में सीधे जमा करने के बाद उनके घर तक पहुंचाने का बंदोबस्त किया जाएगा। जयराम ने कहा,नई व्यवस्था से 90 लाख अनुसूचित और 30 लाख अनुसूचित जनजाति के छात्र छात्राओं को लाभ मिलेगा। वृद्धावस्था पेंशन व वजीफा राशि लोगों को सीधे मिलने लगेगा। बैंक खातों में पहुंचने वाली राशि को बैंक के प्रतिनिधि लाभार्थियों के घर तक पहुंचाएंगे। प्रतिनिधियों की नियुक्ति बैंकों के बजाए महिला स्वयं सेवी संगठन,आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ता करेंगे। पहले चरण में 20 लाख माइक्रो एटीएम भी खोले जाएंगे,ताकि लोगों को उनके गांव में ही पैसा मिल सके।
मोबाइल पर ताजा खबरें, फोटो, वीडियो व लाइव स्कोर देखने के लिए जाएं m.jagran.com पर
No comments:
Post a Comment